बल्लेबाजी टीम के लिए चिंता का सबब : धोनी
बल्लेबाजी टीम के लिए चिंता का सबब : धोनी
स्पोर्ट्स

बल्लेबाजी टीम के लिए चिंता का सबब : धोनी

news

दुबई, 11 अक्टूबर (हि.स.)। रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (आरसीबी) के खिलाफ 37 रनों से मिली हार से निराश चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने कहा कि बल्लेबाजी उनके टीम के लिए चिंता का सबब बना हुआ है और आरसीबी के खिलाफ भी वह साफ तौर पर नजर आया। बता दें कि कप्तान विराट कोहली के बेहतरीन नाबाद 90 रनों की बदौलत आरसीबी ने 20 ओवर में चार विकेट पर 169 रन बनाए। जवाब में महेंद्र सिंह धोनी के नेतृत्व वाली सीएसके की टीम 20 ओवर में 8 विकेट पर 132 रन ही बना सकी। सीएसके की यह सात मैचों में पांचवीं हार थी। मैच के बाद धोनी ने कहा,"बल्लेबाजी हमारे लिए चिंता का सबब बना हुआ है और इस मैच में भी वह साफ तौर पर नजर आया। हमें इसके बारे में कुछ करना होगा, हम पर ऐसे ही बोलते नहीं रह सकते। यह लगातार हो रहा है, हो सकता है हर बार अलग खिलाड़ी हो, लेकिन हमें इसके उलट खेलना होगा, आप बड़ा शॉट खेलें, भले आउट हो जाएं। हम 15-16 ओवर के बाद इतने रन नहीं छोड़ सकते, जिससे लोअर ऑर्डर के बल्लेबाजों पर इतना दबाव पड़े।" उन्होंने आगे कहा, "हमारी बल्लेबाजी में कमी नजर आ रही है, आप कह सकते हैं कि छठे ओवर के बाद कुछ पावर दिखाना होगा, आप किसी को कितना भी कॉन्फिडेंस दे दें, लेकिन अंत में उनके अपने प्लान होते हैं कि उन्हें कैसे खेलना है। 6 से 14 ओवर के बीच हम अपनी रणनीति के हिसाब से बल्लेबाजी नहीं कर रहे हैं। मैंने हमेशा खिलाड़ियों से कहा कि वह प्रोसस पर ध्यान दें, जब आप पहले या बाद के मैच के रिजल्ट पर ध्यान देते हैं, तो आप खुद पर एक्स्ट्रा दबाव बना लेते हैं।" अपनी टीम के गेंदबाजी पर धोनी ने कहा,"मुझे लगता है कि आखिरी के चार ओवर जब हम गेंदबाजी कर रहे थे, तो सबकुछ रणनीति के मुताबिक नहीं हुआ, उसके पहले गेंदबाजों ने अच्छा काम किया था, हमें पारी को अच्छे से खत्म करना चाहिए था।" उन्होंने कहा,"हमने पांच गेंदबाजों से शुरुआत की थी, लेकिन अब हमारे पास छह गेंदबाज हैं, हम अगले मैच में भी ऐसा कर सकते हैं। उसमें हम एक विदेशी गेंदबाजी को स्वैप कर सकते हैं या फिर एक भारतीय गेंदबाज को ला सकते हैं, लेकिन असली चिंता हमारी बैटिंग है, जहां हम लगातार अच्छा नहीं कर पा रहे हैं। आने वाले मैचों में हम और एक्सप्रेसिव होंगे, इससे अच्छा 17वें ओवर में ऑल-आउट हो जाएं, ना कि आखिरी तक विकेट बचाकर रखें।" हिन्दुस्थान समाचार/सुनील-hindusthansamachar.in