विकरु कांड : पुलिस ने मुठभेड़ में मारे गए प्रभात मिश्रा को बताया बालिग
विकरु कांड : पुलिस ने मुठभेड़ में मारे गए प्रभात मिश्रा को बताया बालिग
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विकरु कांड : पुलिस ने मुठभेड़ में मारे गए प्रभात मिश्रा को बताया बालिग

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- एक साथ दो विद्यालयों में कर रहा था शिक्षा ग्रहण कानपुर, 23 जुलाई (हि.स.)। दुर्दांत अपराधी विकास दुबे गिरोह के प्रभात मिश्रा के मुठभेड़ में मारे जाने के बाद उसके नाबालिग होने के मामले में पुलिस की ओर से नया खुलासा हुआ है। बिल्हौर क्षेत्राधिकारी का कहना है कि मुठभेड़ में मारा गया प्रभात बालिग था और उस वक्त उसकी उम्र 20 वर्ष थी। बिल्हौर क्षेत्राधिकारी संतोष सिंह ने बताया कि फरीदाबाद से वापसी के समय कानपुर के पनकी थाना क्षेत्र में आठ जुलाई को एसटीएफ के साथ हुई मुठभेड़ में प्रभात उर्फ कार्तिकेय मारा गया था। वह विकास दुबे का शार्प शूटर था। मुठभेड़ में मारे जाने के बाद प्रभात की बहन ने उसे नाबालिग बताया था। प्रभात की मार्कशीट, आधार कार्ड भी दिखाया था। इसके बाद यह मामला तूल पकड़ने लगा था। पुलिस ने जांच की तो इस मामले में नया मोड़ आ गया है। पुलिस के मुताबिक प्रभात नाम बदल कर फर्जी प्रमाण पत्रों के सहारे शिक्षा ग्रहण कर रहा था। वह एक साथ एक ही सत्र में दो स्कूल से पढ़ाई कर रहा था। उसने दोनों स्कूल में अलग-अलग अंक पत्र और टीसी लगाई गई थी, जिसमें नाम और जन्मतिथि अलग-अलग है। इसके बाद हाईस्कूल के जो प्रमाण पत्र मिले हैं, उसमें प्रभात का नाम कार्तिकेय लिखा हुआ है। प्राथमिक विद्यालय बिकरु में प्रभात मिश्रा की जन्मतिथि अगस्त, वर्ष 2000 दिखाई गई है। स्कूल की टीसी में उसकी उम्र यही लिखी हुई हैै। हालांकि उसमें नाम प्रभात मिश्रा की जगह शानू लिखा हुआ है जबकि पिता और मां का नाम वही है। इसके बाद हाईस्कूल के प्रमाण पत्र में प्रभात का नाम कार्तिकेय लिखा हुआ है। यानी प्रभात के तीन नाम थे शानू, प्रभात और कार्तिकेय यह तीन नाम क्यों थे ? इस पर परिजन कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। क्षेत्राधिकारी बोले क्षेत्राधिकारी संतोष सिंह ने बताया कि प्रभात मिश्रा उर्फ कर्तिकेय उर्फ शानू विकरू गांव की घटना का नामजद अभियुक्त था। विवेचना में पता चला है कि विभिन्न अभिलेखों में इसके अलग-अलग नाम व जन्मतिथि अंकित है जबकि वलदियत वही है। परितोष इंटर कॉलेज नौबस्ता में लगाई गई टीसी आजाद मेमोरियल इंटर कॉलेज शिवराजपुर से बनी थी। यह जांच के दौरान फर्जी पायी गयी तथा इस मामले में सम्बन्धित विद्यालय ने उनके यहां से टीसी जारी नहीं होने की बात कही है। इस तरह उसके एक-एक साथ दो-दो विद्यालयों में अध्ययन करने की बात सामने आ रही है। हिन्दुस्थान समाचार/दीपक/सुनीत-hindusthansamachar.in