यूपी के सीएचसी और पीएचसी हेल्थ एटीएम बनेगा कारगर हथियार

 यूपी के सीएचसी और पीएचसी हेल्थ एटीएम बनेगा कारगर हथियार
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लखनऊ, 13 जुलाई (आईएएनएस)। कोरोना वायरस की संभावित तीसरी लहर को देखते हुए राज्य सरकार लगातार स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ाने पर जोर दे रही है। इसी क्रम में अब यूपी के सरकारी अस्पतालों में अब हेल्थ एटीएम लगाए जाएंगे। सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी) पर हेल्थ एटीएम की सुविधा कारगर हथियार के रूप में सिद्ध होगी। राज्य सरकार की ओर से मिलीज जानकारी के अनुसार, इन हेल्थ एटीएम पर लोगों के ब्लड प्रेशर, बॉडी फैट, पल्स रेट व शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा सहित 59 तरह की जांच मुफ्त में की जा सकेगी। इन पर दक्ष तकनीशियनों को तैनात किया जाएगा। डाक्टर डेली कंसंल्टेंसी के माध्यम से सीधे हेल्थ एटीएम से जुड़ सकेंगे। लोगों को ओपीडी जैसी सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वह जल्द से जल्द हेल्थ एटीएम की सुविधा शुरू करें। विशेषज्ञों के अनुसार, डॉक्टर डेली कंसलटेंसी के माध्यम से सीधे हेल्थ एटीएम से जुड़े होंगे। जांच कराने वाले लोगों को चिकित्सक सलाह भी देंगे। हेल्थ एटीएम में ओपीडी जैसी सुविधा मिलेगी। बीमारी के हिसाब से डाइट चार्ट, मेंटल स्ट्रेस कम करने के तरीके भी चिकित्सक रिपोर्ट के आधार बताएंगे। कोरोना जैसी महामारी के दौर में योगी सरकार के इस कदम को लोगों के लिए बेहद फायदेमंद माना जा रहा है। हेल्थ एटीएम मशीनों को एटीएम की तर्ज पर सार्वजनिक स्थानों पर लगाया जाएगा। हेल्थ एटीएम की देखरेख और बेहतर संचालन के लिए तकनीशियनों की तैनाती की जाएगी। प्रशिक्षण के बाद तकनीशियनों को तैनात किया जाएगा। हेल्थ एटीएम के जरिये बॉडी मास इंडेक्स, ब्लड प्रेशर, मेटाबॉलिक ऐज, बॉडी फैट, हाईड्रेशन, पल्स रेट, हाइट, मसल मास, शरीर का तापमान, शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा, वजन सहित कुल 59 पैरामीटर की जांच कर सकते हैं। तत्काल बॉडी स्क्रीनिंग के लिए 16 पैरामीटर की जांच हो सकेगी। लाइफ स्टाइल से जुड़ी जांच जैसे ग्लूकोज, हीमोग्लोबिन, लिपिड प्रोफाइल आदि की भी जांच की जा सकेगी। कई तरह के रैपिड टेस्ट, यूरिन टेस्ट, गर्भावस्था, डेंगू, मलेरिया, टाइफाइड, एचआईवी के साथ ही 12 लीड ईसीजी, डिजिटल स्टेथोस्कोप, डर्मास्कोप, ओटोस्कोप जैसे टेस्ट भी किए जाएंगे। उधर डाक्टरों से चिकित्सीय परामर्श भी मिलेगा। जांच के आधार पर बीमारी का इलाज होगा और लोगों का डाइट चार्ट तैयार कराया जाएगा। मानसिक तनाव दूर करने के तरीके भी डाक्टर बताएंगे। --आईएएनएस विकेटी/एएसएन

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