बंगाल हिंसा पर बोलने वाली कंगना के खिलाफ कोलकाता में दूसरी प्राथमिकी

बंगाल हिंसा पर बोलने वाली कंगना के खिलाफ कोलकाता में दूसरी प्राथमिकी
second-fir-in-kolkata-against-kangana-speaking-on-bengal-violence

कोलकाता, 07 मई (हि.स.)। पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस की जीत के बाद विपक्षी कार्यकर्ताओं पर बर्बर हमले को लेकर सोशल मीडिया के जरिए आवाज उठाने वाली मशहूर अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ कोलकाता में दूसरी प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता रिजू दत्ता ने उल्टाडांगा थाने में इससे संबंधित प्राथमिकी दर्ज कराई है। कोलकाता पुलिस के संयुक्त आयुक्त (अपराध) मुरलीधर शर्मा ने हिन्दुस्थान समाचार से प्राथमिकी की पुष्टि की है। दत्ता ने अपनी प्राथमिकी में दावा किया है कि कंगना रनौत ने सोशल मीडिया के जरिए बंगाल के संबंध में नफरत भरी बातें की है और उनका इरादा यहां हालात को बिगाड़ना है। हालांकि इस शिकायत पर प्रतिक्रिया देते हुए कंगना ने ममता बनर्जी को मॉंस्टर यानी राक्षसी की संज्ञा दी है और कहा है कि बनर्जी का अंत करीब है। उल्टाडांगा थाने में कंगना के खिलाफ जो प्राथमिकी दर्ज हुई है उसमें भारतीय दंड विधान की धारा 153 ए, 504, 505 (2 ) और आईटी एक्ट की धारा 66 तथा 43 लगाई गई है। कंगना रनौत ने अपने खिलाफ पश्चिम बंगाल में एफआईआर होने के बाद जमकर भड़ास निकाली है। कंगना अपनी इंस्टाग्राम स्टोरीज पर बंगाल हिंसा से जुड़े कई पोस्ट लगा रही हैं। इन्हीं पोस्ट्स के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस के स्पोक्स पर्सन रिजु दत्ता ने कंगना के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई है। अब कंगना ने इस पर रिएक्शन दिया है। कंगना ने एफआईआर की कॉपी पोस्ट करने के साथ लिखा है, खून की प्यासी राक्षसी ममता मुझे अपनी ताकत के दम पर शांत करवाना चाहती है। कंगना ने लिखा, "विडंबना है कि खून की प्यासी राक्षसी ममता जो कि खुलेआम वोट ना देने वाले लोगों की हत्या और लिंचिंग करवा रही है, वो मुझे कम्युनल वॉइलेंस का आरोपी बता रही है। राक्षसी ममता अब तुम्हारा अंत आ गया है। पूरा देश मासूमों के खून से सने तुम्हारे हाथ देख रहे हैं। तुम मुझे डरा नहीं सकतीं न ही केस और एफआईआर से मेरी आवाज को मार सकती हो। गौर हो कि कंगना ने बंगाल हिंसा पर ट्विटर पर कई पोस्ट किए थे। एक ट्वीट में उन्होंने लिखा था, मैं गलत थी, वह रावण नहीं है। वह तो सबसे अच्छा राजा था दुनिया में सबसे अच्छा देश बनाया, महान ऐडमिनिस्ट्रेटर था, विद्वान था और वीणा बजाने वाला और अपनी प्रजा का राजा था, वह तो खून की प्यासी राक्षसी ताड़का है। जिन लोगों ने उनके लिए वोट किया, खून से तुम्हारे हाथ भी सने हैं। उन्होंने हिंसा के वीडियोज भी पोस्ट किए थे जिसके बाद उनका ट्विटर अकाउंट सस्पेंड कर दिया गया। हिन्दुस्थान समाचार/ओम प्रकाश