जामिया : नैनोमटेरियल्स से हरित नवीकरणीय ऊर्जा पर ग्रैंड इंडो-यूएस वेबिनार

 जामिया : नैनोमटेरियल्स से हरित नवीकरणीय ऊर्जा पर ग्रैंड इंडो-यूएस वेबिनार
jamia-grand-indo-us-webinar-on-green-renewable-energy-from-nanomaterials

नई दिल्ली, 10 जून (आईएएनएस)। जामिया मिल्लिया इस्लामिया (जेएमआई) के रसायन विभाग ने स्पार्क शिक्षा मंत्रालय की योजना के तहत ग्रैंड इंडो-यूएस वेबिनार आयोजित किया। इस नौ दिवसीय इंडो-यूएस वेबिनार का उद्देश्य हाइड्रोजन, हरित नवीकरणीय ऊर्जा और पर्यावरणीय उपचार के मुद्दों को हल करने के लिए नैनोमटेरियल्स के उपयोग को उजागर करना है। वेबिनार और व्याख्यान श्रृंखला 1 जून से शुरू होकर 9 जून को समाप्त हुई। डॉ नाजिम हुसैन अल-जाफरी, कुलसचिव, जेएमआई ने इस अवसर पर समारोह के मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम और उससे संबंधित अनुसंधान के बारे में विशेष वक्तव्य विदेशी विशेषज्ञों और कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि प्रोफेसर सरबजीत बनर्जी, टेक्सास ए एंड एम विश्वविद्यालय एवं प्रो. युआनबिंग माओ, इलिनोइस इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, शिकागो, यूएसए द्वारा दिया गया। कार्यक्रम का संचालन डॉ उफाना रियाज ने किया और औपचारिक धन्यवाद ज्ञापन वेबिनार-व्याख्यान श्रृंखला के संयोजक और समन्वयक प्रोफेसर तौकीर अहमद द्वारा प्रस्तुत किया गया। वेबिनार का उद्घाटन प्रोफेसर नजमा अख्तर, कुलपति, जामिया और प्रसिद्ध वैज्ञानिक प्रोफेसर डीडी सरमा, आईआईएससी बैंगलोर की उपस्थिति में किया गया। उद्घाटन समारोह में डॉ नाजिम हुसैन अल-जाफरी, रजिस्ट्रार जेएमआई, प्रोफेसर सीमा फरहत बसीर, डीन, प्राकृतिक विज्ञान विभाग और विदेशी अतिथि प्रोफेसर बनर्जी और प्रोफेसर माओ भी मौजूद थे। इंडो-यूएस वेबिनार और व्याख्यान श्रृंखला कार्यक्रम उल्लेखनीय वैज्ञानिक प्रो डीडी सरमा के बीज वक्तव्य के साथ शुरू हुआ, इसके बाद प्रख्यात वक्ताओं प्रोफेसर एके गांगुली आईआईटी दिल्ली, प्रोफेसर अरुण चट्टोपाध्याय आईआईटी गुवाहाटी, प्रोफेसर एके त्यागी बीएआरसी मुंबई, प्रोफेसर केवी रामानुजाचार्य रोवन विश्वविद्यालय, प्रो. सरबजीत बनर्जी और प्रो. माओ ने वक्तव्य दिए। व्याख्यान श्रृंखला के दौरान विदेशी वक्ताओं प्रोफेसर सरबजीत बनर्जी और प्रोफेसर युआन्बिंग माओ द्वारा विशेष व्याख्यान उपकरण निर्माण, ऊर्जा उत्पादन और भंडारण के लिए उन्नत नेनो सामग्री के प्रयोग के विभिन्न पहलुओं पर दिए गए। सभी व्याख्यानों का भरपूर लाभ उठाया गया और प्रतिभागियों ने सजगता से भाग लिया जोकि 1000 से अधिक प्रतिभागियों के फीडबैक प्राप्त होने से परिलक्षित होता है। पूरा कार्यक्रम सिस्को-वेबेक्स वर्चुअल प्लेटफॉर्म पर आयोजित किया गया। प्रोफेसर नजमा अख्तर ने इस वैज्ञानिक कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए वेबिनार और व्याख्यान श्रृंखला और रसायन विज्ञान विभाग की आयोजन टीम को बधाई दी। --आईएएनएस जीसीबी/आरएचए