कांग्रेस का आरोप, कोरोना वैक्सीनेशन के लिए केंद्र ने नहीं की बेहतर तैयारी

कांग्रेस का आरोप, कोरोना वैक्सीनेशन के लिए केंद्र ने नहीं की बेहतर तैयारी
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-समाधान को लेकर सर्वदलीय बैठक बुलाए जाने का सुझाव नई दिल्ली, 07 अप्रैल (हि.स.)। देश में चल रहे कोरोना वैक्सीनेशन अभियान को लेकर कांग्रेस पार्टी ने केंद्र की मोदी सरकार पर गलत प्रबंधन का आरोप लगाया है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा है कि टीकाकरण को लेकर सरकार के पास कोई प्लान नहीं है। आज जो टीके लग रहे हैं उनकी गति धीमी है तथा हर किसी के लिए पर्याप्त भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार को इस प्रकार की स्थिति में अन्य राजनीतिक दलों के साथ भी बैठकर बातचीत करनी चाहिए ताकि समस्या को बेहतर समाधान निकाला जा सके। कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने बुधवार को पार्टी मुख्यालय में पत्रकारवार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार द्वारा टीकाकरण अभियान शुरू करना बेहतर पहल थी लेकिन इसके लिए पूरी तैयारी नहीं की गई। जिस कारण आज स्थिति यह है कि कहीं दवाइयां कम पड़ रही हैं तो कुछ एक जगह से इसके खराब होने की खबरें आ रही हैं। उन्होंने सवाल किया केंद्र को बताया चाहिए कि अभियान शुरू करते समय सरकार ने कितने लोगों को टीका लगाने की योजना बनाई थी। क्योंकि अगर सरकार ने बेहतर प्लान बनाया होता तो अचानक से टीकों की कमी नहीं पड़ जाती। खेड़ा ने कहा कि कई जगहों से ऐसी खबरें आईं कि टीके की कमी हो रही है और टीके खराब भी हो रहे हैं। इसका मतलब है कि सरकार ने ठीक तैयारी नहीं की। वहीं, मास्क नहीं लगाये रहने के मामलों में पुलिस की बर्बरता का मामला उठाते हुए पवन खेड़ा ने कहा कि क्या कोरोना संबंधी प्रोटोकॉल का पालन कराने के लिए मारपीट करना जरूरी है? उन्होंने कहा कि लोगों को जागरूक करने के बजाय पुलिस उन्हें बेइज्जत कर रही है, उनके साथ बदतमीजी की जा रही है, जो सही नहीं है। खेड़ा ने कहा कि संदेश ऐसा देने की जरूरत है कि ‘आप कार में हों या सरकार में, मास्क सबको लगाना चाहिए।’ इस दौरान कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से समय-समय पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की भी बात कही। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के खिलाफ हम सभी को मिलकर लड़ना है, इसलिए सभी को साथ आना चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार को आम लोगों के मन से टीके को लेकर जुड़ी आशंकाओं को दूर करने के साथ वैक्सीन निर्माता कंपनियों के समझ आ रही पैसे की समस्या का भी निराकरण करना चाहिए। हिन्दुस्थान समाचार/आकाश