हर घर में है बिजली, लालटेन हुई आउटडेटेड : नीतीश
हर घर में है बिजली, लालटेन हुई आउटडेटेड : नीतीश
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हर घर में है बिजली, लालटेन हुई आउटडेटेड : नीतीश

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नीतीश ने किया जद(यू) के चुनाव प्रचार अभियान का आगाज वर्चुअल रैली में 25 लाख लोगों के जुड़ने का दावा पटना, 7 सितम्बर ( हि.स.)। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि अब बिहार के हर घर में बिजली पहुँच गई है, इसलिए लालटेन की कोई जरूरत नहीं है। अब लालटेन आउटडेटेड हो गयी है। इसके साथ ही उन्होंने भागलपुर के विक्रमशिला में राष्ट्रीय विश्वविद्यालय बनवाने की घोषणा की। क्राइम -करप्शन और कम्युनलिज्म को किसी हालत में बर्दाश्त न करने का संकल्प दोहराया और दावा किया की उनके 15 वर्षों के शासनकाल में राज्य का चौतरफा विकास हुआ है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सोमवार को जनता दल यूनाइटेड कार्यालय से पार्टी के वर्चुअल प्रचार अभियान का आरम्भ कर रहे थे। इसके साथ ही पार्टी ने अपने चुनाव अभियान का भी आगाज कर दिया है। पार्टी का दावा है कि सोमवार की वर्चुअल रैली में 25 लाख लोग जुड़े थे। इसके लिए पार्टी दफ्तर में अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के वर्चुअल अभियान की तर्ज पर हाईटेक वर्चुअल प्लेटफार्म तैयार किया गया है। चौतरफा हुआ विकास एक घंटे से अधिक के अपने भाषण में मुख्यमंत्री ने विस्तार से सरकार के कार्यों का ब्योरा दिया साथ ही अपने मुख्य विरोधी लालू प्रसाद पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि 15 वर्षों तक बिहार में पति -पत्नी का राज था। उस समय क्या स्थिति थी और अभी क्या स्थिति है, यह नयी पीढ़ी को बताया जाना चाहिये। तब बिहार चौतरफा अंधेरे में था। शाम होते लोग घरों में दुबक जाते थे। कुछ ख़ास लोग हथियार दिखाते हुए गाड़ियों से घूमा करते थे। सामूहिक नरसंहार और नक्सली हिंसा राज्य की पहचान बन गई थी। पूरे राज्य में सिर्फ सात सौ मेगावाट बिजली की खपत थी। 24 लाख लोगों को ही बिजली कनेक्शन मिला हुआ था। आज राज्य में कोई ऐसा घर नहीं जहां बिजली कनेक्शन न हो। आज एक करोड़ 61 लाख उपभोक्ता हैं। कृषि कार्यों के लिए अलग से लाइन है। एक लाख 42 हज़ार से अधिक कृषि कनेक्शन दिए गए हैं। बड़े पैमाने पर सड़कों का निर्माण कराया गया है। छह हज़ार से अधिक पुल -पुलियों का निर्माण कराया गया है। इसमें 18 मेगा पुल भी शामिल हैं। उन्होंने लोगों को याद दिलाया की 15 वर्ष पहले सड़कों में गड्ढे थे कि गड्ढे में सड़क, यह पता ही नहीं चलता था। आज लोग राज्य के किसी कोने से छह घंटे में पटना पहुंच जाते हैं। सिर्फ गांवों में 835 किलोमीटर सड़क का निर्माण किया गया है। बदल गई तस्वीर बिहार की राज्य में अपराध बढ़ने के विपक्ष के आरोपों को ख़ारिज करते हुए उन्होंने नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो का आंकड़ा देते हुए कहा कि अपराध के मामले में बिहार 23 वे नंबर पर है। अपराध का राष्ट्रीय औसत प्रति लाख 383. 05 है जबकि बिहार का 222. 01 है। महिला अपराध में बिहार 29 वे स्थान पर है। दुष्कर्म के मामले में 33 वे, डकैती के मामले में 16 वे और हत्या के मामले में 11 वे स्थान पर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 60 प्रतिशत हत्या की घटनायें भूमि विवाद के कारण होती हैं। इसपर काबू पाने के लिए अनेक कदम उठाये गए हैं। भूमि सर्वे का अभियान शुरू किया गया है। पारिवारिक भूमि बंटवारे को सरल बनाया गया है। नाम लिए बिना राजद पर कटाक्ष करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग कब्रिस्तानों की घेराबंदी तक नहीं करा सके वे अल्पसंख्यकों के हितैषी होने का दावा करते हैं। कोरोना और लॉक डाउन की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने सरकार द्वारा उठाये गये क़दमों की विस्तार से जानकारी दी। कहा की आज राज्य में रोज डेढ़ लाख से ज्यादा टेस्ट हो रहे हैं। कोरोना से मरने वाले लोगों के परिजनों को मुख्यमंत्री राहत कोष से चार लाख की सहायता दी जा रही है। उन्होंने लोगोंं को सतर्क करते हुए कहा कि कोरोना अभी समाप्त नहीं हुआ है। कल क्या होगा कोई नहीं जानता ,इसलिए मास्क लगाना और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा की लॉकडाउन में 15 लाख से ज्यादा लोग बाहर से आये। सभी का बेहतर इंतजाम किया गया । उन्हें कोरन्टाइन में रखा गया। प्रति व्यक्ति पांच हज़ार रुपये से ज्यादा खर्च किये गये। नीतीश कुमार ने केंद्र द्वारा चलाई गई राहत योजनाओं का भी विस्तार से उल्लेख किया। गरीबों को मुफ्त अनाज देने, गैस सिलेंडर देने का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि वे बोलने में नहीं सेवा में विश्वास करते हैं। अगर जनता ने उन्हें फिर मौका दिया तो वे अपनी सेवा जारी रखेंगे। इसके पूर्व ऊर्जा मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, संजय झा आदि ने भी रैली को सम्बोधित किया। हिन्दुस्थान समाचार/ विभाकर/जितेन-hindusthansamachar.in