विपक्षी दलों ने कृषि संबंधी विधेयकों का किया विरोध, सरकार ने बताया लाभकारी
विपक्षी दलों ने कृषि संबंधी विधेयकों का किया विरोध, सरकार ने बताया लाभकारी
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विपक्षी दलों ने कृषि संबंधी विधेयकों का किया विरोध, सरकार ने बताया लाभकारी

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नई दिल्ली, 17 सितम्बर (हि.स.)। किसानों के लिए लाभप्रद कदम बताते हुए सरकार द्वारा लोकसभा में पेश किए गए ‘कृषि उपज एवं कीमत आश्वासन संबंधी विधेयकों’ का कांग्रेस एवं अन्य विपक्षी दलों ने विरोध किया है। विपक्षी सांसदों का कहना है कि यह एमएसपी प्रणाली द्वारा किसानों को प्रदान किए गए सुरक्षा कवच को कमजोर कर देगा और बड़ी कंपनियों द्वारा किसानों के शोषण की स्थिति को जन्म देगा। विधेयक पर चर्चा की शुरुआत करते हुए कांग्रेस सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा कि किसानों के लिए काला कानून लाया जा रहा है। इससे किसानों को बख्श देना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि पंजाब में भाजपा की सहयोगी पार्टी शिरोमणि अकाली दल (शिअद) भी विधेयक के खिलाफ है। वहीं, आरएसपी के एन.के. प्रेमचंद्रन ने आरोप लगाया कि सरकार ने कोविड-19 के हालात का फायदा उठाते हुए इन अध्यादेशों को लाकर कृषि क्षेत्र को बर्बाद करने का प्रयास किया है। उन्होंने अध्यादेश और संबंधित विधेयकों को संसदीय स्थायी समिति के पास भेजे जाने की मांग की। इससे पहले कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कृषि उपज एवं कीमत आश्वासन संबंधी विधेयकों को ‘परिवर्तनकारी’ बताया। उन्होंने कहा कि इस विधेयक से किसानों को उनकी उपज के लिए लाभकारी मूल्य दिलाना सुनिश्चित हो सकेगा। साथ ही किसानों को निजी निवेश एवं प्रौद्योगिकी भी सुलभ हो सकेगी। तोमर ने लोकसभा में कृषि उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्द्धन और सुविधा) विधेयक-2020 और कृषक (सशक्तिकरण एवं संरक्षण) कीमत आश्वासन समझौता और कृषि सेवा पर करार विधेयक-2020 को चर्चा एवं पारित होने के लिये पेश करते हुए यह बात कही। कृषि मंत्री ने कहा कि ये विधेयक आने वाले समय में किसानों के जीवन में परिवर्तन लाने वाले हैं। पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में कृषि के क्षेत्र में कई योजनाओं का सृजन हुआ है। जिसका लाभ आज कृषि क्षेत्र में देखने को मिल रहा है। साथ ही इस कानून से राज्यों के अधिकारों का अधिग्रहण नहीं होने की बात कहते हुए तोमर ने कहा कि अब तक किसान अपने उत्पाद के लिए मंडी जाने को मजबूर थे लेकिन अब किसान अपने घर, खेत और सभी स्थानों से कारोबार करने को स्वतंत्र होंगे। हिन्दुस्थान समाचार/आकाश-hindusthansamachar.in