प. बंगाल विस चुनाव 2021ः ममता की आंधी में उड़े भाजपा के कई सूरमा, दलबदलू भी औंधे मुंह गिरे

प. बंगाल विस चुनाव 2021ः ममता की आंधी में उड़े भाजपा के कई सूरमा, दलबदलू भी औंधे मुंह गिरे
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कोलकाता, 03 मई (हि.स.)। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव का परिणाम रविवार देर रात तक स्पष्ट हुआ है। 200 पार के भाजपा के नारे को ध्वस्त करते हुए ममता बनर्जी की पार्टी ने राज्य में 200 से अधिक सीटें जीत ली और भाजपा सैकड़ा का आंकड़ा पार नहीं कर पाई है। ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस की आंधी ऐसी रही कि भाजपा के कई बड़े सूरमा धूल चाटते नजर आए हैं। इतना ही नहीं कई सितारे और तृणमूल छोड़कर भाजपा में आने वाले धुरंधर सियासतदां भी औंधे मुंह गिरे हैं। चुनाव से ठीक पहले तृणमूल छोड़ भाजपा का दामन थामने वाले कई पूर्व मंत्रियों व कद्दावर नेताओं को भी हार का सामना करना पड़ा। हावड़ा की डोमजूर सीट से 2016 के विधानसभा चुनाव में बंगाल में सबसे ज्यादा वोटों एक लाख से भी ज्यादा से जीत दर्ज करने वाले राजीब बनर्जी को 42 हजार से ज्यादा वोटों से हार का सामना करना पड़ा। बहुचर्चित सिंगुर में भी पूर्व मंत्री रवींद्रनाथ भट्टाचार्य 25,923 वोटों से हार गए। सिंगुर आंदोलन में ममता के अहम साथी रहे 90 वर्षीय भट्टाचार्य टिकट नहीं मिलने पर भाजपा में हाल में शामिल हो गए थे। इसी तरह आसनसोल के पूर्व मेयर जितेंद्र तिवारी एवं विधाननगर के पूर्व मेयर व निवर्तमान विधायक सब्यसाची दत्ता को भी हार का सामना करना पड़ा। दरअसल, पार्टी ने इस बार केंद्रीय मंत्री समेत चार सांसदों और अभिनय व खेल जगत की कई सेलिब्रिटिज पर दांव खेला था, लेकिन यह उल्टा पड़ा। इनमें सबसे बड़ी हार का सामना केंद्रीय मंत्री व गायक बाबुल सुप्रियो को करना पड़ा। कोलकाता की टॉलीगंज सीट पर ममता सरकार में खेल मंत्री अरूप विश्वास उन्हें 50 हजार से ज्यादा वोटों से हराया। वहीं, हुगली की सांसद व पूर्व अभिनेत्री लॉकेट चटर्जी को भी अपने संसदीय क्षेत्र के अंतर्गत चुंचुड़ा सीट से तृणमूल के हाथों 18 हजार से ज्यादा वोटों से हार का सामना करना पड़ा। वहीं, हुगली की तारकेश्वर सीट पर पूर्व राज्यसभा सांसद स्वप्न दासगुप्ता भी सात हजार से ज्यादा वोटों से हार गए। इधर, सेलिब्रिटी की बात करें तो भाजपा के टिकट पर पूर्व मेदिनीपुर की मोयना सीट से खड़े पूर्व भारतीय क्रिकेटर अशोक डिंडा को भी नौ हजार से ज्यादा वोटों से हार का सामना करना पड़ा। वहीं, कोलकाता की रासबिहारी सीट पर भाजपा के टिकट पर खड़े पूर्व सेना उपप्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल सुब्रत साहा (रिटायर्ड) को भी 21 हजार से ज्यादा वोटों से हार का सामना करना पड़ा। इसी तरह हाल में भाजपा से अपनी राजनीतिक पारी शुरू करने वाले बांग्ला फिल्म उद्योग के कई मशहूर अभिनेता-अभिनेत्रियों को भी हार का सामना करना पड़ा। इनमें बेहला पश्चिम सीट पर बंगाल के शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी ने अभिनेत्री श्रावंती चटर्जी को 41,608 वोटों के अंतर से हराया। बेहला पूर्व सीट पर तृणमूल की रत्ना चटर्जी से अभिनेत्री पायल सरकार भी 1337 वोटों से हार गईं। इसी तरह कोलकाता की भवानीपुर सीट पर अभिनेता रूद्रनील घोष को भी 28 हजार से ज्यादा वोटों से हार का सामना करना पड़ा। रूद्रनील चुनाव से ठीक पहले ही तृणमूल छोड़ भाजपा में शामिल हुए थे। उलबेडिय़ा दक्षिण सीट पर अभिनेत्री पापिया अधिकारी भी हार गईं। इसी तरह हुगली की चंडीतल्ला सीट पर अभिनेता यशदास गुप्ता को भी 41 हजार से ज्यादा वोटों से हार का सामना करना पड़ा। एकमात्र खडग़पुर सीट पर अभिनेता हिरण चटर्जी ने जीत हासिल करने में कामयाबी हासिल की। दूसरी ओर, तृणमूल ने भी कई अभिनेता-अभिनेत्रियों पर दांव खेला था जिसमें दो को छोड़ बाकी जीतने में कामयाब रहे। हिन्दुस्थान समाचार / ओम प्रकाश