AIMIM claims: Many leaders will leave Mamta with Owaisi
AIMIM claims: Many leaders will leave Mamta with Owaisi
पश्चिम-बंगाल

एआईएमआईएम का दावा : ममता का साथ छोड़कर ओवैसी के साथ आएंगे कई नेता

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कोलकाता, 14 जनवरी (हि. स.)। विधानसभा चुनाव से पहले पश्चिम बंगाल में एंट्री लेकर एआईएमआईएम के मुखिया असदुद्दीन ओवैसी ने ममता बनर्जी की चिंताएं बढ़ाते हुए राज्य में त्रिकोणीय मुकाबले के आसार पहले ही बना दिया है। बंगाल में एआईएमआईएम के एक बड़े नेता ने दावा किया है कि ममता बनर्जी की पार्टी के कई नेता उनका साथ छोड़कर ओवैसी के साथ आने वाले हैं। चुनाव से पहले कई नेताओं का साथ छोड़ने से कमजोर पड़ती जा रही ममता बनर्जी और सत्ता की ओर बढ़ रही भाजपा के सामने अल्पसंख्यक मतदाता विकल्प की तलाश में हैं। राज्य में इस बात के संकेत पहले से ही मिल रहे हैं कि इस बार मुख्यमंत्री अपनी सरकार नहीं बचा पाएंगी। ऐसे में अल्पसंख्यक मतदाता किसी ऐसे व्यक्ति को अपने प्रतिनिधि के तौर पर चुनना चाहते हैं जो उनके अधिकारों को सुरक्षित रखे। माकपा और कांग्रेस ने गठबंधन कर उनके लिए विकल्प बनने की कोशिश जरूर की है लेकिन मुस्लिम मतदाताओं के बीच इन दोनों पार्टियों के नेताओं की पैठ आसान नहीं। ऐसे में असदुद्दीन ओवैसी ने पश्चिम बंगाल में चुनाव लड़ने की घोषणा कर इस समुदाय को न केवल अपनी और खींचा है बल्कि अल्पसंख्यक मतदाताओं के सामने पसंदीदा विकल्प बनकर उभरे हैं। ओवैसी की बंगाल में एंट्री से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पहले से ही चिंतित हैं। इसके प्रमाण इस बात से मिलते हैं कि ओवैसी के बंगाल में चुनाव लड़ने की घोषणा करते ही ममता बनर्जी सीधे उन पर हमलावर हो गई थीं। बंगाल में ओवैसी के बेहद करीबी और उनकी पार्टी का कार्यभार देख रहे इमरान सोलंकी ने "हिन्दुस्थान समाचार" से विशेष बातचीत में गुरुवार को बताया कि बंगाल में ओवैसी के आने से पहले ही ममता बनर्जी का उन पर सीधा प्रहार इस बात के संकेत है कि यहां एआईएमआईएम का जनाधार पहले से है। सच्चाई यह है कि पिछले 10 सालों के शासन के दौरान ममता बनर्जी ने अल्पसंख्यक समुदाय के विकास के लिए कुछ भी नहीं किया है। मतदाता इस बात को भलीभांति जानते हैं। इसलिए बंगाल के अल्पसंख्यक मतदाता ओवैसी की पार्टी से खड़े होने वाले उम्मीदवारों को चुनेंगे। चुनाव से पहले ममता बनर्जी की पार्टी के कई नेता ओवैसी के साथ आने वाले हैं। उन्होंने इस बात के संकेत दिए कि उन नेताओं में सांसद विधायक मंत्री समेत राज्य स्तर के कई छोटे-बड़े नेता शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि मुर्शिदाबाद में इसी महीने के आखिरी सप्ताह कि उनकी पार्टी की बैठक होगी जिसमें हैदराबाद से उनकी पार्टी के वरिष्ठ नेता आ रहे हैं। वहां पार्टी की आधिकारिक कमेटी बनाकर विधानसभा चुनाव के लिए मैदान में कूद पड़ेंगे। हिन्दुस्थान समाचार/ओम प्रकाश/गंगा-hindusthansamachar.in