श्राद्ध के दिन जिंदा वापस लौटा कोरोना मृतक
श्राद्ध के दिन जिंदा वापस लौटा कोरोना मृतक
पश्चिम-बंगाल

श्राद्ध के दिन जिंदा वापस लौटा कोरोना मृतक

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कोलकाता, 21 नवंबर (हि.स.)। पश्चिम बंगाल में एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है। यहां कोरोना महामारी की वजह से मारे गए एक व्यक्ति का अंतिम संस्कार कर दिया गया था और श्राद्ध की तैयारी की जा रही थी। तभी शुक्रवार को वह जिंदा वापस लौट आया। इससे एक तरफ परिजनों में खुशी की लहर दौड़ गई तो दूसरी और लोग अचंभित होकर देखते रह गए थे। बाद में पता चला कि पूरा मामला एक निजी अस्पताल की लापरवाही का है। महामारी की वजह से जो व्यक्ति मारा गया था उसके परिवार के बजाय जिसका इलाज चल रहा था उसके परिवार को मरने की सूचना दे दी गई थी। इसीलिए पीड़ित पक्ष ने अंतिम संस्कार कर दिया। अब जबकि वह शख्स लौट आया है तो उसके घर खुशी की लहर है और जिस दूसरे शख्स के मरने की खबर गलती से उसके परिजनों को नहीं दी गई थी उसके परिवार में परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है। राज्य स्वास्थ्य विभाग में इस पूरी घटना की रिपोर्ट तलब की है। स्वास्थ्य विभाग सूत्रों के अनुसार 13 नवंबर को घटना की शुरुआत हुई। 11 नवंबर को उत्तर 24 परगना के खरदह में रहने वाले शिवनाथ बनर्जी को कोरोना पॉजिटिव होने के बाद बारासात के एक नर्सिंग होम में भर्ती किया गया था। 13 नवंबर को उनके घर फोन आया कि शिवनाथ की मौत हो गई है। दूसरी और विराटी के रहने वाले मोहिनी मोहन गोस्वामी उसी अस्पताल में कोरोना पॉजिटिव होकर भर्ती थे और 13 नवंबर को वास्तव में मौत मोहिनी मोहन गोस्वामी की हुई थी। हालांकि उनके घर इस बारे में कोई सूचना नहीं दी गई थी कोरोना पॉजिटिव होने की वजह से मोहिनी मोहन के परिवार को भी मिलने नहीं दिया जा रहा था। उधर शिवनाथ के परिवार ने भी दूर से ही मृतक के शव को देखा था इसलिए पहचान भी नहीं सके थे। अब जबकि शिवनाथ स्वस्थ होकर घर लौटे हैं तब जाकर पूरा मामला उजागर हुआ है। स्वास्थ्य विभाग ने इस घटना की जांच के लिए कमेटी का गठन किया है। अस्पताल प्रबंधन से रिपोर्ट तलब की गई है। हिन्दुस्थान समाचार / ओम प्रकाश/सुगंधी/मधुप-hindusthansamachar.in