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उत्तर-प्रदेश

फ्रंटलाइन वर्कर्स बनाएंगे फाइलेरिया ग्रस्त मरीजों की सूची, 1 से 31 मार्च तक चलेगा संचारी रोग नियंत्रण अभियान

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- संभावित टीबी रोगी और कुपोषित बच्चे भी खोजेंगी टीमें - 1 से 31 मार्च तक चलेगा संचारी रोग नियंत्रण अभियान हमीरपुर, 23 फरवरी (हि.स.)। जनपद में 01 से 31 मार्च तक संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जाएगा। अभियान में संभावित टीबी रोगियों के साथ-साथ कुपोषित बच्चों को भी खोजा जाएगा। वहीं, फाइलेरिया से ग्रसित मरीजों की सूची तैयार की जाएगी। मच्छर जनित रोगों से बचाव के विषय में भी लोगों को जागरूक किया जाएगा। इसके लिए फ्रंटलाइन वर्कर्स को प्रशिक्षित किया जा रहा है। जिला मलेरिया अधिकारी आरके यादव ने मंगलवार को बताया कि अभियान में एएनएम, आशा बहू और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की कुल 1032 टीमें जनपद भर में घर-घर भ्रमण कर संभावित मरीजों की खोजबीन करेंगी। टीमें लोगों को मच्छरों से होने वाले लोगों के विषय में जानकारी देने के साथ ही उनसे बचाव के तरीके बताएंगी। फाइलेरिया से ग्रसित रोगों की भी सूची तैयार की जाएगी। जन्म-मृत्यु पंजीकरण से छूटे हुए लोगों की भी सूची तैयार होगी। मरीजों को संबंधित पीएचसी, सीएचसी या फिर जिला अस्पताल के लिए रेफर किया जाएगा। उन्होंने बताया कि 10 से लेकर 24 मार्च तक दस्तक अभियान चलेगा। इस अभियान में खासतौर पर टीबी रोगियों को चिन्हित किया जाएगा। ऐसे लोग जिन्हें लगातार खांसी आ रही है और वजन कम हो रहा है, उन्हें चिन्हित कर टीबी की जांच की जाएगी। रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर ऐसे रोगियों को डॉट सेंटर भेजा जाएगा, ताकि उनका उपचार शुरू हो सके। कुपोषण को लेकर शुरू हुई मुहिम को सफल बनाने के उद्देश्य से कुपोषित बच्चों को भी अभियान में खोजकर चिन्हित किया जाएगा। आधा दर्जन विभाग भी करेंगे सहयोग मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ आरके सचान ने बताया कि संचारी रोग नियंत्रण अभियान में जिला पंचाय राज विभाग, शिक्षा विभाग, बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग, पशुपालन, कृषि, सिंचाई एवं उद्यान विभाग के साथ ही सूचना विभाग मिलकर काम करेंगे। उन्होंने बताया कि इसके लिए फ्रंटलाइन वर्कर्स की टीमें बनाई गई हैं। ब्लाक स्तरीय प्रशिक्षण भी शुरू कर दिए गए हैं। हिन्दुस्थान समाचार/पंकज

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