प्रदेश की कोर्टों में अब इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से समन तामिल करने की व्यवस्था लागू

प्रदेश की कोर्टों में अब इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से समन तामिल करने की व्यवस्था लागू
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चीफ जस्टिस ने शुरूआत की एनएसटीईपी प्रयागराज, 24 मार्च (हि.स.)। अदालतों द्वारा जारी समन आदेश पुलिस या डाक आदि माध्यमों से सम्बंधित व्यक्ति तक पहुंचाने के दिन अब लद गए हैं। समन अब इलेक्ट्रानिक माध्यम से जारी होंगे और इलेक्ट्रानिक माध्यम से ही व्यक्ति तक पहुंचेगें। इसी तरह कोर्ट फीस जमा करने के लिए अदालत जाने की जरूरत नहीं होगी। किसी भी वक्त और किसी भी जगह से ई फीस पोर्टल के माध्यम से कोर्ट फीस जमा की जा सकेगी। मुख्य न्यायाधीश गोविंद माथुर ने बुधवार को पूरे प्रदेश के लिए एनएसटीईपी (नेशनल सर्विस एंड ट्रैकिंग ऑफ इलेक्ट्रानिक प्रोसेस) तथा वेब और एंड्राएड एप तथा ई कोर्ट फीस पेमेंट सुविधा की शुरूआत की। इस मौके पर कंप्यूटराइजेश कमेटी के चेयरमैन न्यायमूर्ति एसपी केसरवानी और न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा और अन्य कमेटी के सदस्य उपस्थित थे। एनएसटीईपी केंद्रियकृत समन और प्रोसेस सेवा को ट्रैक करने का एप्लीकेशन है, जो समन प्राप्त करने वाले की जीपीएस लोकेशन को ट्रैक करने उसका फोटो या लोकेशन, हस्ताक्षर को ट्रैक कर सकता है। इसे एक जिले से दूसरे जिले में भी भेजा जा सकता है। इसी प्रकार जिला अदालतों के कोर्ट फीस ऑनलाइन जमा करने के लिए ई पे पोर्टल की शुरूआत की गई। जो वादकारियों के लिए काफी सुविधाजनक है। यह सुविधा 24 मार्च से आम जनता और अधिवक्ताओं के लागू कर दी गई है। उद्घाटन अवसर पर मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि एनएसटीईपी एप्लीकेशन मुकदमों के निस्तारण को गति देगा और भौतिक रूप से समन तामील कराने की प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करेगा। इसी तरह से ई कोर्ट फीस भी वकीलों और वादकारियों के लिए काफी लाभकारी होगी। न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा ने कहा कि जिला अदालतों में समन तामील कराने के स्तर पर बड़ी संख्या में मुकदमे लंबित हैं। एनएसटीईपी जिला अदालतों में समन तामील कराने में तेजी लाएगा। इससे सभी पक्षों को फायदा होगा। हिन्दुस्थान समाचार/आर.एन

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