हाथरस के बहाने प्रदेश में सांप्रदायि​क हिंसा भड़काने की जांच एसटीएफ को
हाथरस के बहाने प्रदेश में सांप्रदायि​क हिंसा भड़काने की जांच एसटीएफ को
उत्तर-प्रदेश

हाथरस के बहाने प्रदेश में सांप्रदायि​क हिंसा भड़काने की जांच एसटीएफ को

news

लखनऊ, 16 अक्टूबर (हि.स.)। हाथरस के बहाने प्रदेश में जातीय और सांप्रदायिक हिंसा भड़काने की जांच यूपी एसटीएफ को सौंपा गया है। अब एसटीएफ इस मामले की गहन जांच करेगी। हाथरस के चंदपा थाने में गंभीर धाराओं में दर्ज मामला एसटीएफ की स्पेशल यूनिट के हवाले कर दिया गया हैं। सूत्रों की मानें तो इसमें पाकिस्तान, यूएई और बांग्लादेश समेत तमाम इस्लामिक देशों से प्रदेश सरकार को बदनाम करने की साजिश और फंडिंग की गयी है। सुरक्षा जांच एजेंसियों को योगी सरकार को बदनाम करने के अन्तरराष्ट्रीय कोशिशों और फंडिंग के पुख्ता प्रमाण मिले हैं। इन साजिशों का पर्दाफाश करने के लिए एसटीएफ को इसकी कमान सौंपी गयी है। उल्लेखनीय है कि हाथरस कांड के बहाने जातीय और सांप्रदायिक हिंसा फैलाने को लेकर सुरक्षा जांच एजेंसियों के इनपुट पर पुलिस ने मथुरा से चार युवकों को पकड़ा था। इन युवकों के पास से हाथरस में सामाजिक उन्माद फैलाने वाली सामग्री की भी बरामदगी हुई थी। तमाम फर्जी सूचनाएं, एडिट तस्वीरों और अफवाहों को फैलाने के साथ ही पीड़ित परिवार को भड़का कर प्रदेश में जातीय और सांप्रदायिक हिंसा भड़काने की साजिश रची गयी थी। पीड़ित परिवार के यहां पर भाभी बनकर रह रही जबलपुर में रहने वाली महिला भी पुलिस की सूची में शामिल है। इससे पहले इस मामले में ईडी ने पकड़े गए इन युवकों से पूछताछ की है। पीएफआई को पश्चिम के खनन माफिया से फंडिंग के प्रमाण मिले हैं। हिन्दुस्थान समाचार/दीपक/राजेश-hindusthansamachar.in