जयपुर में लॉकडाउन के 10 महीने बाद खुले स्कूलः थर्मल स्कैनिंग और मास्क जांच के बाद क्लास में मिली एंट्री

जयपुर में लॉकडाउन के 10 महीने बाद खुले स्कूलः थर्मल स्कैनिंग और मास्क जांच के बाद क्लास में मिली एंट्री
Schools open after 10 months of lockdown in Jaipur: entry in class after thermal scanning and mask check

जयपुर,18 जनवरी (हि.स.)। कोरोना महामारी के चलते हुए लॉकडाउन के 10 महीने बाद सोमवार से 9वीं से 12वीं तक के स्कूल खुलने के साथ ही सभी प्रशासन की ओर से कोरोना गाइड लाइन की पालना करते दिखे। जैसे ही छात्र स्कूल गेट पर पहुंचे तो यहां छह गज दूरी (सोशल डिस्टेंसिंग) के लिए गेट के बाहर सफेद गोले बनाए गए हैं, ताकि छात्रों में 6 फीट की दूरी बनी रहें। इसके बाद उन्हें थर्मल स्कैनिंग और मास्क जांच के साथ एंट्री दी गई। इसके साथ ही हैंड सैनिटाइजेशन की व्यवस्था भी नजर आई। वहीं स्कूल पहुंचने वाले बच्चों को पैरेंट्स का लिखित हस्ताक्षर युक्त सहमति पत्र चेक कर ही क्लास तक जाने दिया जा रहा है। स्कूल प्रशासन का कहना है कि स्कूलों में ऑनलाइन कक्षाएं भी ऑफलाइन के साथ चलेगी यानी जो स्टूडेंट्स स्कूल आने के इच्छुक नहीं हैं, वे घर बैठकर ऑनलाइन क्लास ज्वाइन कर सकते है। काफी दिनोें के बाद स्कूल आने से मिली खुशी छात्र चेतन सैनी ने बताया कि स्कूल खुलने पर बहुत ज्यादा खुशी मिल रही है। स्कूल में सरकारी गाइड लाइन के साथ हमारा ध्यान भी रखा जा रहा है। सभी के बीच 6 फीट (सोशल डिस्टेंसिंग) की दूरी है। सैनिटाइज यूज करना पड़ रहा है। मास्क लगा है। दोस्तों से भी 6 फीट की दूरी रखनी पड़ रही है। दो पारियों में चला स्कूल, एक क्लास में बैठें 15 से 20 बच्चे स्कूल टीचर गौरव गौड ने बताया कि दो पारियों में स्कूल चला। इनमें 9 वीं और 11 वीं के छात्रों का वक्त सुबह 10 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक रहा। जबकि 10 वीं और 12 वीं के स्टूडेंट्स का स्कूल टाइम सुबह साढे बजे से दोपहर 12.45 तक रहा। इनमें सिर्फ मुख्य विषयों की पढ़ाई करवाई गई। स्पोर्ट्स, म्यूजिक व अन्य ऐच्छिक क्लास नहीं लगी। इधर कोरोना के नए स्ट्रेन के बाद अभी भी काफी पैरेंट्स एक राय नहीं है। कई पैरेंट्स अपने बच्चों को स्कूल खुद छोड़ने के लिए आए। पहले की तरह ऑटोरिक्शा और बाल वाहिनी गाड़ियों से बहुत कम बच्चे ही स्कूल पहुंचे। हिन्दुस्थान समाचार/दिनेश/संदीप-hindusthansamachar.in