विद्यार्थी अब पढ़ाई के साथ कर सकेंगे क्षमता विकास
विद्यार्थी अब पढ़ाई के साथ कर सकेंगे क्षमता विकास
राजस्थान

विद्यार्थी अब पढ़ाई के साथ कर सकेंगे क्षमता विकास

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झुंझुनू, 18 अक्टूबर(हि.स.)। राजस्थान में कॉलेज शिक्षा विभाग की ओर से किए जा रहे सकारात्मक प्रयासों से समस्त राजकीय एवं निजी महाविद्यालयों में अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए अच्छी खबर है। विद्यार्थियों को अब पढ़ाई के साथ क्षमता विकास के लिए निशुल्क कोर्स उपलब्ध करवाएं जाएंगे। विद्यार्थियों के लिए क्षमता विकास, रोजगारपरक अतिरिक्त कौशल एवं ज्ञान संवर्द्धन के लिए कॉलेज शिक्षा विभाग ने भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपल आईटी) कोटा के साथ एक एमओयू हस्ताक्षरित किया है। झुंझुनू जिले के समस्त राजकीय महाविद्यालयों के जिला संसाधन समिति अध्यक्ष एवं मोरारका महाविद्यालय प्राचार्या डॉ. नीलम भार्गव ने बताया है कि ट्रिपल आईटी द्वारा राजस्थान के इन विद्यार्थियों के लिए मूक कोर्स डिजाइन करवाया जा रहा है। प्रत्येक कोर्स लगभग छह से आठ सप्ताह एवं 30-30 मॉड्यूल्स का होगा। उन्होंने बताया कि सभी विद्यार्थियों के लिए यह कोर्स पूर्णत निःशुल्क रहेंगे। राज्य में कॉलेज निदेशालय के अंतर्गत 332 सरकारी व 1778 निजी महाविद्यालय हैं। जिनमें 12 लाख से अधिक विद्यार्थी पढ़ते हैं। सरकार के निर्देशानुसार सभी विद्यार्थियों के लिए कौशल क्षमता विकास के लिए कोर्स अथवा प्रशिक्षण आयोजित करवाना विभाग की प्राथमिकता है। इसके लिए विभाग विभिन्न संस्थाओं के साथ मिलकर कौशल दक्षता, क्षमता विकास एवं ज्ञान संवर्द्धन आधारित कोर्स प्रशिक्षण करवाने के लिए कार्य कर रहा है। इसी कड़ी में विभाग द्वारा ट्रिपल आईटी कोटा के साथ मिलकर विद्यार्थी हित में इन कोर्सेज के लिए एमओयू किया है। कोरोना महामारी के कारण अभी महाविद्यालय में जाकर पढ़ने की व्यवस्था आरंभ नहीं हुई है। ऐसे में विद्यार्थी विभाग द्वारा उपलब्ध करवाए जा रहे ई-कंटेंट्स के माध्यम से तो पढ़ ही रहे हैं। परंतु उनके समय का सदुपयोग उन्हें अतिरिक्त क्षमता अर्जित करने के लिए उपयुक्त कोर्स उपलब्ध करवाकर भी करवाया जा सकता है। इससे उन्हें एक साथ डिग्री के अतिरिक्त कई सर्टिफिकेट्स मिल सकेंगे। दक्षता विकास कोर्स सभी महाविद्यालयों में इसी सत्र से आरंभ किए जाएंगे। प्रांरभिक चरण में आरंभिक कंप्यूटर, एडवांस कंप्यूटर, मशीन लर्निंग, साइबर सिक्योरिटी, एनीमेशन एवं ग्राफिक्स डाटा एंट्री, स्पोकन इंग्लिश एवं कम्यूनिकेशन स्किल्स जैसे कोर्स चयनित किए गए हैं। उन्होंने बताया कि कोर्स समझने के लिए प्रमुखत हिंदी भाषा में होंगे जिनमें तकनीकी शब्दावली अंग्रेजी भाषा में भी होगी। हिन्दुस्थान समाचार / रमेश सर्राफ / ईश्वर-hindusthansamachar.in