निजी अस्पताल में मासूम की मौत मामले में एमडीएम अस्पताल का डॉक्टर निलंबित
निजी अस्पताल में मासूम की मौत मामले में एमडीएम अस्पताल का डॉक्टर निलंबित
राजस्थान

निजी अस्पताल में मासूम की मौत मामले में एमडीएम अस्पताल का डॉक्टर निलंबित

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जोधपुर, 12 सितम्बर (हि.स.)। गीता भवन रोड स्थित विनायका अस्पताल में चिकित्सकीय लापरवाही से हुई बच्चे की मौत के मामले में मथुरादास माथुर अस्पताल के यूरोलॉजी विभाग के सह आचार्य डॉ. प्रदीप शर्मा को निलंबित कर दिया गया है। इस मामले में संभागीय आयुक्त द्वारा की गई जांच में वह दोषी पाए गए है। इस आधार पर चिकित्सा शिक्षा (ग्रुप-1) विभाग के वरिष्ठ शासन उप सचिव रमेश चंद्र आर्य ने एक आदेश जारी उन्हें सेवा से निलंबित कर दिया है। साथ ही उनका निलंबन काल मुख्यालय निदेशालय चिकित्सा शिक्षा जयपुर रखा है। आर्य ने अपने आदेश में यह भी लिखा है कि डॉ. शर्मा का यह कृत्य लोक सेवक के आचरण नियमों के विपरित है। दरअसल दुर्गा विहार जयपुर निवासी चंदा शेखावत पत्नी निलनसिंह ने खांडाफलसा पुलिस थाना में रिपोर्ट दी थी कि उनके बेटे धु्रव उर्फ भानू प्रताप को पथरी की दिक्कत होने पर गत तीस जुलाई की शाम साढ़े पांच बजे विनायका हॉस्पिटल में भर्ती किया गया था। अगले दिन 31 जुलाई को एमडीएम हॉस्पिटल के डॉक्टर प्रदीप कुमार शर्मा ने धु्रव का ऑपरेशन किया। इसके अगले दिन सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक उसने कुछ नहीं खाया, तो परिजनों ने डॉक्टर से पूछा, लेकिन डॉक्टर बोलते रहे कि प्राकृतिक नींद लेने दो। बार-बार कहने के बावजूद डॉक्टरों व स्टाफ ने उसकी परवाह तक नहीं की जबकि, उसके शरीर में सूजन होने लगी थी। कई बार कहने पर रात करीब साढ़े आठ बजे गोयल हॉस्पिटल से बुलाए गए डॉक्टर ने बताया कि बच्चे की हालत गंभीर है। इस पर परिजनों ने उसे रैफर करने की गुहार की और काफी मशक्कत के बाद रात 8.45 बजे उसे रैफर किया, लेकिन ना तो बच्चे को ऑक्सीजन और ना ही एंबुलेंस ही उपलब्ध कराई। किसी तरह परिजन उसे लेकर एम्स गए। वहां उसे वेंटिलेटर पर रखा गया लेकिन सुबह उसकी मौत हो गई। इस मौत के बाद परिजनों व विभिन्न संगठनों ने कई बार प्रदर्शन किया और निजी अस्पताल व डॉक्टर प्रदीप शर्मा के खिलाफ कार्यवाही की मांग की। इस पर संभागीय आयुक्त ने इस मामले की जांच करवाई तो इसमें डॉ. प्रदीप शर्मा दोषी पाए गए। मामले में विनायका अस्पताल का लाइसेंस निरस्त करने की भी मांग की गई थी। उस पर अभी कोई निर्णय नहीं लिया गया है। हिन्दुस्थान समाचार/सतीश/संदीप-hindusthansamachar.in