कोटा में बढ़ता कोरोना संक्रमित मरीजों का आंकड़ा
कोटा में बढ़ता कोरोना संक्रमित मरीजों का आंकड़ा
राजस्थान

कोटा में बढ़ता कोरोना संक्रमित मरीजों का आंकड़ा

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कोटा, 23 जुलाई (हि. स.)। महंगाई और बेरोजगारी जिस गति से बढ़ती जा रही है उसी गति से शहर में कोरोना संक्रमण के मामले भी बढ़ते जा रहे हैं। गुरुवार को जारी रिपोर्ट में कोटा जिले में 42 नए कोरोना मरीज मामले सामने आए। जिसके साथ ही कोरोना पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा बढ़कर 1162 पर पहुंच चुका है। मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ विजय सरदाना ने बताया कि जुलाई माह में कोरोना मरीजों की गति में तेजी आई है। सुबह जारी हुई रिपोर्ट में 42 नए कोरोना पॉजिटिव मरीज मिले हैं। डॉक्टर विजय सरदाना ने बताया कि कोटा सेंट्रल जेल कोरोना पॉजिटिव मरीजों के सामने आने के बाद जेल में बन्द कैदियों के कोरोना सैंपल लिए गए थे। जिसमें 7 कैदियों को कोरोना पॉजिटिव पाया गई है। उन्होंने बताया कि कोटा जिले में अब तक 86 हजार 39 लोगों के सेम्पल लिए गए थे, जिनमें 1162 मरीजों की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव पाई गई है। कोरोना की चपेट में आने से जिले में 30 लोगो की मौत हो चुकी है। मेडिकल कॉलेज, चिकित्सा विभाग की टीम कोरोना मरीजो को लेकर दिन रात जुटी हुई है। जिसका परिणाम स्वरूप ठीक होने वाले मरीजों की संख्या का आंकड़ा भी बड़ा है। कुल कोरोना मरीजों में 837 मरीज रिकवर हो चुके है इनमे से 832 मरीज स्वस्थ होकर अपने घर जा चुके है। मेडिकल कॉलेज के कोविड वार्ड में अब 294 एक्टिव मरीजो का उपचार चल रहा है। महंगाई बेरोजगारी और कोरोना... कोटा जिले में महंगाई बेरोजगारी और कोरोना तीनों की मार जमकर पड़ रही है कोचिंग नगरी कोटा शहर में जब से कोरोना संक्रमण के मामले सामने आना शुरू हुआ है, कोचिंग छात्र एक-एक कर कोटा से पलायन कर चुके हैं। कोटा के कोचिंग संस्थान शहर की आर्थिक रीढ़ हुआ करते थे। कोचिंग छात्रों के जाने के बाद शहर में बेरोजगारी और महंगाई बढ़ने से आम नागरिक की हालत बिगड़ी हुई है। कोचिंग छात्रों से जुड़े हुए सभी व्यवसाय जिनमें हॉस्टल व्यवसाय, होटल व्यापार, मैस व्यापार, किराना व्यापार, फल फ्रूट ठेला व्यापार, ऑटो, मॉल, आदि पर ग्रहण लगने से जहां सन्नाटा फैला हुआ है। कोरोना संक्रमण के चलते हजारों की संख्या में युवा बेरोजगारों कर दर-दर भटकने को मजबूर है। बेरोजगारी बढ़ने के साथ ही महंगाई भी अपनी चरम पर है। यदि समय रहते कोरोना संक्रमण चेन को तोड़ने के लिए कोई कड़ा कदम नहीं उठाया गया तो शहर में भुखमरी, लूटपाट, चोरी आदि के मामले दिन-ब-दिन बढ़ना शुरू होंगे जो शहर वासियों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। हिन्दुस्थान समाचार/राकेश/संदीप-hindusthansamachar.in