छोटे बच्चों को कोरोना के दावानल में धकेल रही शिवराज सरकार: सज्जनसिंह वर्मा
छोटे बच्चों को कोरोना के दावानल में धकेल रही शिवराज सरकार: सज्जनसिंह वर्मा
मध्य-प्रदेश

छोटे बच्चों को कोरोना के दावानल में धकेल रही शिवराज सरकार: सज्जनसिंह वर्मा

news

भोपाल, 12 सितम्बर (हि.स.)। प्रदेश सरकार द्वारा लिए गए 21 सितम्बर से स्कूल खोले जाने के निर्णय का विरोध शुरू हो गया है। वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने इस निर्णय की आलोचना करते हुए कहा है कि शिवराज सरकार ऐसा करके बच्चों को कोरोना के दावानल में धकेल रही है। पूर्व मंत्री सज्जनसिंह वर्मा ने शिक्षा विभाग और शिवराज सरकार को 21 सितंबर से नौवीं से बारहवीं तक के विद्यार्थियों के लिए स्कूल खोलने पर निशाने पर लिया है। उन्होंने कहा है कि प्रदेश में कोरोना महामारी तथा संक्रमण की स्थिति बेहद गंभीर हो गई है, मामले कम होने की जगह बढ़ते ही जा रहे हैं। सभी शहरों में किसी भी तरह की गाइडलाइन का पालन नहीं हो रहा है और ना ही सरकार इसका पालन करवा रही है। ऐसे में स्कूलों को खोलना तथा विद्यार्थियों का स्कूलों में जाना खतरे से खाली नहीं है। वर्मा ने अपने ट्वीट करके कहा है कि अब मामा को भांजे-भांजीयों की चिंता नहीं हो रही, मासूम बच्चों को कोरोना के दावानल में झोंकने का कुत्सित प्रयास कर रही है शिवराज सरकार। वर्मा ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए किसी भी स्थिति में अभी स्कूलों को प्रारंभ नहीं किया जाना चाहिए, बच्चे अपने घर पर रहकर ही ऑनलाइन माध्यम से आने वाले कुछ महीने पढ़ाई करें तथा घर से बाहर ना निकलें, यही बच्चों के हित में होगा। वर्मा ने नीट परीक्षा को लेकर भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने लिखा है कि जो लोग देश बेच रहे हैं उन्होंने लगता है अपनी बुद्धि भी बेच दी। उन्होंने कहा कि पिछले 6 महीनों से विद्यार्थी पूरी तरह से कोरोना के डर से सहमे हुए हैं, साथ ही इस माहौल में उनकी तैयारी भी अच्छे से नहीं हो पाई लेकिन केंद्र सरकार परीक्षाएं कराने पर उतारू है। हिन्दुस्थान समाचार/केशव दुबे-hindusthansamachar.in