झारखंड  में वित्तीय कुप्रबंधन से वित्तीय अराजकता : दीपक प्रकाश
झारखंड में वित्तीय कुप्रबंधन से वित्तीय अराजकता : दीपक प्रकाश
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झारखंड में वित्तीय कुप्रबंधन से वित्तीय अराजकता : दीपक प्रकाश

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रांची, 18 अक्टूबर ( हि.स.) । भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद दीपक प्रकाश ने रविवार को राज्य सरकार पर कड़ा हमला बोला। प्रकाश ने प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में कहा कि एक तरफ राज्य में बलात्कार,लूट,हत्या उग्रवाद की घटनाओं में बेतहाशा वृद्धि हुई है। राज्य औसत प्रतिदिन 5 बलात्कार और हत्या की घटनाएं हो रही। खनिजों की तस्करी हो रही,राज्य का बालू, पत्थर ,खनिज की लूट हो रही। पर राज्य सरकार मौन है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का विधानसभा क्षेत्र भी बहन बेटियों के लिये सुरक्षित नहीं है। उन्होंने दुमका और बरहेट में नाबालिग के साथ हुए दुष्कर्म और हत्या की चर्चा करते हुए कहा कि पुलिस प्रशासन द्वारा पीड़िता के परिजनों को धमकाया जाता है। भाजपा ने जो आशंका व्यक्त की थी जो सच निकला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामूहिक दुष्कर्म के बाद हत्या प्रमाणित हो चुका है। उन्होंने कहा कि उम्मीद थी कि मुख्यमंत्री अपने दुमका दौरे में पीड़िता के परिजनों से मिलेंगे पर आदिवासी बेटी बहन के दर्द समझने का समय उनके पास नहीं है। प्रकाश ने कहा कि झामुमो नेता बसंत सोरेन का बयान की इसका निर्णय समाज पर छोड़ दे उनकी विकृत मानसिकता का परिचायक है,मुख्यमंत्री के भाई से ऐसे ओछे बयान की उम्मीद नहीं थी। प्रकाश ने कांग्रेस पार्टी पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि आज सोनिया, राहुल और प्रियंका जी झारखंड के दुष्कर्म पर चुप क्यों हैं? उन्होंने कहा कि हिम्मत है तो कांग्रेस के मुखिया झारखंड आकर प्रदेश की बलात्कार की घटनाओं पर बयान दें। केंद्र सरकार पर बड़े बकाये के संबंध में मुख्यमंत्री की शिकायत एवं अखबारों में छपी खबरों पर बोलते हुए प्रकाश ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन कांग्रेस कार्यालय में तैयार स्क्रिप्ट का वाचन कर रहे हैं। प्रकाश ने राज्य सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में पूरी तरह वित्तीय कुप्रबंधन है। राज्य सरकार अपना कर संग्रह करने में विफल है। केंद्र सरकार द्वारा दिये गए सहायता राशि को भी खर्च करने में विफल साबित हुई है। डीवीसी के बकाये पर कहा कि मुख्यमंत्री बिजली चोरी को रोकने, संचरण व्यवस्था को सुधारने के बजाए राशि काटने का आरोप लगाकर सुधारों से बचना चाहते है। आखिर डीवीसी कैसे चले इसकी चिंता कौन करेगा। जीएसटी बकाये पर प्रकाश ने कहा कि मार्च 2020 तक जीएसटी में राज्य की हिस्सेदारी का भुगतान केंद्र ने कर दिया है। पूरा देश जनता है कि कोरोना काल मे केंद्र सरकार के आय में भी कमी आई है। बावजूद इसके केंद्र सरकार कई कल्याणकारी पैकेज जिसमे गरीब कल्याण ,गरीब कल्याण रोजगार ,आत्म निर्भर भारत ,मनरेगा केलिये पैकेज घोषित किये। केंद्र सरकार ने मनरेगा की मजदूरी बढ़ाई जिसका लाभ भी राज्य सरकार नही दे पा रही,गरीब कल्याण रोजगार के लिये झारखंड के तीन जिले गिरिडीह,गोड्डा,और हजारीबाग का चयन हुआ, जहां से सर्वाधिक मजदूरों का पलायन हुआ था। लेकिन उस जिले के भी मजदूर आज फिर बाहर जाने को मजबूर है। प्रकाश ने कहा कि कोल् इंडिया पर करोड़ों के बकाया का बयान बचकाना है।मुख्यमंत्री को बताना चाहिये कि कब का और कितना किस मद का बकाया है। उन्हें बताना चाहिये कि कब और किस सरकार के समय का बकाया है?राज्य को पता है कि शिबू सोरेन जी भी कोयला मंत्री रहे। बताना चाहिये कि कांग्रेस शासन काल में उन्होंने ऐसे तथाकथित बकाये के लिये क्या प्रयास किया। हिंदुस्थान समाचार /विनय/वंदना-hindusthansamachar.in