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बिहार

किसान रेल के परिचालन से बक्सर के बाजारों में लौटी रौनक

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बक्सर, 22 फरवरी (हिस )। केंद्र सरकार की कृषि योजना के तहत चलाए जा रहे किसान रेल के परिचालन से बक्सर के बाजारों में रौनक लौट आई है |अबतक नासिक से सडक मार्ग से बक्सर की मंडियों में प्याज ही पहुंचा करती थी पर अब किसान रेल के माध्यम से खांडवा से भी प्याज बक्सर की मंडियों में उपलब्द्ध हो रहे है |इसके अलावा नासिक से भारी मात्रा में सीजन सब्जी के आने से बाजार गुलजार है |अमूमन सीजन की शुरुआत में अधिक मूल्य चुकाकर उपभोक्ता इसकी खरीद करते थे लेकिन इस बार किसान रेल से नासिक व अन्य राज्यों के किसानो द्वारा सहिजन बजार में उपलब्द्ध कराए जाने से काफी कम कीमतों पर लोग इसकी खरीददारी कर रहे है |नासिक और खंडवा से आये किसानो ने बताया कि दूर दराज के बाजार उपलब्द्ध ना होने से हमे स्थानीय बाजारों पर ही आश्रित रहना पड़ता था इससे हमे आर्थिक नुकसान ही होता था |जबकि बड़े साहूकार हमारी इन फसलो को सस्ती कीमतों पर खरीद कर बाहर की मंडियों में उची कीमतों पर बेच भारी मुनाफ़ा कमाते थे |अब किसान रेल हमे उपलब्द्ध है ऐसे में हम अपनी फसलो की कीमत खुद ही तय कर आर्थिक रूप से सम्पन्न हो रहे है | बक्सर स्टेशन के कैरियर बुकिंग क्लर्क आर बी श्रीवास्तव का कहना है कि किसान रेल के परिचालन से स्थानीय बक्सर के जागरूक किसान टमाटर ,अमरूद लगायत हरी सब्जियों के अलावे बड़ी संख्या में कतरनी चावल का बुकिंग कर महाराष्ट्रा समेत देश के विभिन्न मंडियों में ले जा रहे है |स्थानीय किसान विकाश मिश्रा ,राघव सिंह का कहना है कि इस बार केंद्र सरकार व राज्य सरकार के द्वारा पैक्स व अन्य संथाओ से किसानो के धान निर्धारित मूल्यों पर खरीद की गई है |जबकि किसान रेल से भी कतरनी चावल का व्यापार कर किसानो के चेहरे पर एक आर्थिक शकुन दिख रही है |मौजूदा किसान रेल का ठहराव महज चौदह स्टेशनों पर ही है | जबकि किसानो की मांग है कि किसान रेल को साप्ताहिक के बजाए दैनिक किया जाए | अधिकारियों समेत किसानो का कहना है की किसान रेल से देश की विभिन्न मंडियों से किसानो का सीधा जुडाव होने से बाजार मूल्य का स्थिर होना लाजमी है जो किसानो के आर्थिक स्थिति को और भी मजबूत करेगा | हिन्दुस्थान समाचार /अजय मिश्रा/चंदा