हाउस ऑफ लॉर्ड्स के लिए नॉमिनेट हुए भारतीय मूल के प्रेम सिक्का
हाउस ऑफ लॉर्ड्स के लिए नॉमिनेट हुए भारतीय मूल के प्रेम सिक्का
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हाउस ऑफ लॉर्ड्स के लिए नॉमिनेट हुए भारतीय मूल के प्रेम सिक्का

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- पूर्व प्रधानमंत्री थेरेसा मे के पति फिलिप मे को नाइटहुड का दर्जा दिया गया - इंग्लैंड क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सर इयान बॉथम को भी मिली जगह निवेदिता शर्मा लंदन, 02 अगस्त (हि.स.)। ब्रिटेन के हाउस ऑफ लॉर्ड्स के लिए भारतीय मूल के प्रेम सिक्का को नॉमिनेट किया गया है। वे अकादमिक है और उत्तरी इंग्लैंड की शेफील्ड यूनिवर्सिटी में अकाउंटिंग के एमेरिटस प्रोफेसर हैं। प्रेम सिक्का उन प्रमुख 36 नए सदस्यों में से एक हैं जिन्हें ब्रिटेन के हाउस ऑफ लॉर्ड्स के लिए चुना गया है। प्रेम सिक्का को नॉमिनेट करते हुए जेरेमी ने कहा कि संसद के अंदर और बाहर सभी क्षेत्रों में सामाजिक न्याय को लेकर आवाज उठाने की आवश्यकता है। भारतीय मूल प्रेम सिक्का के अलावा इन 36 नए सदस्यों में ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने अपने भाई इंग्लैंड क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सर इयान बॉथम और पूर्व सांसद जो जॉनसन को भी नामित किया है। इसके अलावा बोरिस जॉनसन ने अपने कई सहयोगियों को भी नॉमिनेट किया है, जिनमें कंसर्वेटिव पार्टी डोनर माइकल स्पेंसर और जॉनसन की चीफ स्ट्रैटेजिक एडवाइजर सर एडी लिस्टर भी शामिल हैं। इसमें रूसी मूल के एवगेनी लेबेदेव भी शामिल हैं, जो पूर्व केजीबी एजेंट के बेटे हैं और यूके में इवनिंग स्टैंडर्ड और द इंडिपेंडेंट अखबारों के मालिक हैं। अन्य नामांकित लोगों में पूर्व स्कॉटिश राष्ट्रपति रुथ डेविडसन, केन क्लार्क और फिलिप हैमंड हैं। पूर्व प्रधानमंत्री थेरेसा मे के पति फिलिप मे को नाइटहुड का दर्जा दिया गया है। नामित लोगों में क्रिकेटर बॉथम की बात करें तो 102 टेस्ट मैचों में 5,200 रन और 383 विकेट लेने वाले इयान इंग्लैंड के क्रिकेटर्स में अपनी अहम भूमिका रखते हैं। बॉथम ब्रेक्सिट के मुखर समर्थक रहे हैं। उन्हें अब हाउस ऑफ लॉर्ड्स के सदस्य के रूप में सदन में जगह मिली है। इन सभी सदस्यों के मनोनयन के बारे में शनिवार को क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय ने पुष्टि की है। प्रेम सिक्का का जीवन शेफील्ड यूनिवर्सिटी में अकाउंटिंग के एमेरिटस प्रोफेसर प्रेम सिक्का का जीवन का जीवन देखें तो 1977 में एसोसिएशन ऑफ चार्टर्ड सर्टिफाइड अकाउंटेंट्स के चार्टर्ड सर्टिफाइड अकाउंटेंट के रूप में सिक्का ने क्वालीफाई किया। 1982 में उन्होंने लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से अकाउंटिंग और फाइनेंस में मास्टर डिग्री हासिल की। 1991 में, उन्होंने शेफील्ड विश्वविद्यालय से लेखांकन में पीएचडी अर्जित की। 1995 में उन्होंने मुक्त विश्वविद्यालय से सामाजिक विज्ञान में स्नातक की उपाधि प्राप्त की। इसके बाद 1996 में सिक्का एसेक्स विश्वविद्यालय के संकाय में शामिल हो गए, जहां उन्होंने अब एमेरिटस प्रोफेसर का पद संभाला। 2017 में उन्होंने अकाउंटिंग के प्रोफेसर के रूप में शेफील्ड विश्वविद्यालय में प्रवेश लिया। लेखा पेशे के प्रमुख आलोचकों में शुमार प्रेम सिक्का लेखा पेशे के एक मुखर आलोचक हैं, विशेष रूप से सार्वजनिक निगमों की लेखा परीक्षा में इनकी भूमिकाओं के संबंध में और अंतरराष्ट्रीय निगमों के करों के संबंध में यह अपनी विशेष पहचान रखते हैं। उन्होंने 1990 के बाद से द गार्जियन के लिए ऑडिटिंग विफलताओं, कॉर्पोरेट गवर्नेंस मुद्दों, मनी लॉन्ड्रिंग, इन्सॉल्वेंसी, और टैक्स से बचाव के बारे में लगातार लिखा है। उन्होंने द इंडिपेंडेंट और हफ़पोस्ट के लिए भी लिखा है। सिक्का के शोध में "पूंजीवाद के अंधेरे पक्ष" के बारे में विस्तार से बताया गया है। इसके अलावा उन्होंने अब तक कई शोध लेख व पुस्तकें भी लिखी हैं। हिन्दुस्थान समाचार-hindusthansamachar.in