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बांदा : सोना खदान में लाल सोने के लुटेरे खुलेआम लूट रहे बालू

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बांदा, 12 जनवरी (हि.स.)। जिले में अधिकांश बालू खदानों में अवैध खनन का सिलसिला जारी है। रोज लाखों रुपए की बालू अवैध रूप से से निकाल कर बेची जा रही है। वही सबसे बदनाम खदान सोना खदान है जो इस समय कागजों में भले बंद हो, लेकिन यहां धड़ल्ले से बालू का गोरखधंधा चल रहा है। ई-रिक्शा और दोपहिया वाहनों की आड़ में ट्रैक्टरों से भी बालू निकाल कर बेची जा रही है प्रशासन और पुलिस की अनदेखी से यहां बालू की लूट मची है। जनपद मुख्यालय से लगी हुई 3 खदानें हैं इनमें राजघाट, दूरेडी और भूरेडी ग्राम पंचायत से लगी सोना खदान है।यह खदान कहने को तो बंद है लेकिन मुख्यालय में एक यही खदान है जहां बालू की लूट मची है। आलम यह है कि यहां तड़के से चोरी छुपे मशीनों के जरिए बालू खनन किया जाता है और इसके बाद दोपहिया वाहनों के माध्यम से बाईपास के समीप बालू एकत्र की जाती है। यहां से ई रिक्शा के माध्यम से बालू का व्यापार शुरू होता है यह सिलसिला दिन भर चलता है। पुलिस के नाक के नीचे होने वाले इस गोरखधंधे को जनप्रतिनिधियों का भी वरद हस्त प्राप्त है। कहा जाता है कि शासन द्वारा उन पर किसी तरह का अंकुश नहीं है जो अपने घर के निर्माण के लिए बालू ले जाते हैं लेकिन इस छूट की आड़ में सोना खदान में बालू चोरों की चांदी है। बताया जाता है कि जेसीबी मशीन के माध्यम से बालू खनन करने के बाद करीब एक सैकड़ा दोपहिया वाहनों के माध्यम से घाट से बालू लाई जाती है और बाईपास के समीप एकत्र कर 300 रुपये की 27 बोरी बालू ई रिक्शा वालों को बेची जाती है। यही ई-रिक्शा वाले शहर के अलग-अलग स्थानों पर बालू एकत्र करते हैं और फिर ट्रकों के माध्यम से बालू इधर-उधर भेजी जाती है। जिससे भारी मात्रा में केन नदी की बालू निकाल कर बेची जा रही है। एक तरफ राजस्व की चोरी हो रही है दूसरी तरफ लगातार बालू खनन से केन नदी की कोख खाली होती जा रही है। बहुचर्चित खदान सोना जिले में बहुचर्चित खदानों में शुमार सोना खदान का नाम आता है। यहां एनजीटी व खनन अधिनियम के विरुद्ध खनन करने का तमगा संबंधित खदान को मिला है। खनन अधिनियम के विरुद्ध जलटट से 3 मीटर की दूरी पर खनन करने का प्रावधान है जबकि इस खदान पर जलधारा रोककर जल में ही कई मीटर की गहराई तक खनन करने का आरोप लग चुका है। इसी खदान में एक ट्रक ड्राइवर की हत्या कर दी गई थी और एक व्यक्ति की बालू खनन के लिए खोदे गए गड्ढे में डूब कर संदिग्ध मौत हो गई। यहां अवैध खनन कराने वाले हमेशा हथियारों से लैस रहते हैं जिससे इनकी गतिविधियों के खिलाफ कोई भी शिकायत करने से डरता है।यहां तक की स्थानीय पुलिस भी अपनी आंखों के सामने सब कुछ होता देखकर अनदेखी करती है। हिन्दुस्थान समाचार/अनिल-hindusthansamachar.in