किसान को ऑनलाइन कृषि यंत्र सर्च करना पड़ा महंगा, ठगों ने खाते की जानकारी लेकर निकाले साढे साल लाख रुपये
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किसान को ऑनलाइन कृषि यंत्र सर्च करना पड़ा महंगा, ठगों ने खाते की जानकारी लेकर निकाले साढे साल लाख रुपये

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जयपुर,15 अक्टूबर(हि.स.)। राजधानी जयपुर में एक किसान को ऑनलाइन कृषि यंत्र सर्च करना उस समय महंगा पड़ गया,जब एक शातिर ठग ने उससे खाते की जानकारी लेकर साढ़े सात लाख रुपये की ऑनलाइन ठगी कर ली। पीड़ित किसान ने इस संबंध में विशेष अपराध एवं साइबर क्राइम थाने में मामला दर्ज कराया है। जांच-अधिकारी एएसआई तोफान मल ने बताया कि जगदीशपुरी, अजमेर रोड, करणी विहार निवासी सुल्ताना राम ने 13 अक्टूबर को एमेजॉन एप पर कृषि यंत्र सर्च किए थे। इसके बाद उसके पास एक व्यक्ति का फोन आया, जिसने खुद को कृष यंत्र बनाने वाली कम्पनी का प्रतिनिधि होना बताया और कहा कि आपको सभी यंत्रों के बारे में जानकारी दी जाएगी, लेकिन इससे पहले आप हमारी कम्पनी का एप डाउनलोड कर लो। पीड़ित झांसे में आ गया उसने जालसाज के द्वारा बताए टीम व्यूबर नाम के एक एप को मोबाइल में इंस्टाल कर लिया। जालसाज ने एप के जरिए पीड़ित से बैंक खाते की सारी डिटेल ले कर 17 बार में सात लाख 51 हजार रूपये की ऑनलाइन ठगी कर ली। इस दौरान पीड़ित के मोबाइल पर लगातार ट्रांजेक्शन के मैसेज आए तो वह अपने पोते के मोबाइल लेकर पहुंचा, तब ठगी का पता चला। पुलिस ने पीडित के बयानों के आधार पर मामला दर्ज कर ट्रांजेक्शन के आधार पर जांच की जा रही है। मर्चेंट नेवी में नौकरी का झांसा देकर डेढ़ लाख की ठगी इधर सांगानेर सदर थाने में कच्चा बाजार, अम्बाला छावनी निवासी विशाल शर्मा ने मामला दर्ज करवाया है कि उसने मर्चेंट नेवी का कोर्स किया हुआ है। 30 सितम्बर को दीपक नाम के व्यक्ति का फोन आया, जिसने खुद को मर्चेंट नेवी में कॅप्टन होना बताया। दीपक ने विशाखापट्टनम स्थित पोर्ट पर ट्रेनी पाइपर की वैकेंसी होना बताया। पीड़ित झांसे में आ गया और इसके कुछ दिन बाद कागजी कार्यवाही के नाम पर डेढ़ लाख रूपये सीतापुरा स्थित बैंक खाते से दीपक द्वारा बताए खाते में ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद ना तो पीड़ित की नौकरी लगी और ना ही दीपक का फ़ोन चालू है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। हिन्दुस्थान समाचार/दिनेश/संदीप-hindusthansamachar.in