सर्पदंश का हुआ शिकार, 4 दिन तक गांव वालों ने रखा सांप को कैद, स्नैक कैचर जितेंद्र सारथी ने सांप को कैद से छुड़ाया
सर्पदंश का हुआ शिकार, 4 दिन तक गांव वालों ने रखा सांप को कैद, स्नैक कैचर जितेंद्र सारथी ने सांप को कैद से छुड़ाया
news

सर्पदंश का हुआ शिकार, 4 दिन तक गांव वालों ने रखा सांप को कैद, स्नैक कैचर जितेंद्र सारथी ने सांप को कैद से छुड़ाया

news

कोरबा, 07 सितम्बर ( हि. स. )। जिले में सांप मिलने की घंटना जिस तरीके से बढ़ रहा है, उससे आम लोग काफी डरे हुऐ हैं। सांप के काटने से मृत्यु दर से भी लोगों में डर व्याप्त हैं, पर जिले के आस पास ग्रामीण क्षेत्रों में सांप काटने के मामले ज्यादा आते जा रहे हैं। साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में सर्प दंश होने के बाद सांप को कैद रखने की बाते भी सामने आती हैं, ऐसा ही मामला कोरबा जिले से 35 किलोमीटर दूर करतला थाना अंतर्गत सेंदरी पाली गांव का हैं। 3 सितम्बर को घर के मुखिया सूरज कुमार कुर्रे नामक व्यक्ति को जहरीले सांप ने काट लिया। सर्प दंश का शिकार व्यक्ति ने बताया कि वह अपने लिए सब्जी बनाने के लिए चूल्हे के पास रखे लकड़ी को उठाने गया। उसी लकड़ी के ढेर में सांप बैठा हुआ था, जिसने लकड़ी उठाते समय गेहुवन सांप ने काट लिया। इतना ही नहीं उस जहरीले सांप के उस व्यक्ति के उंगली को पकड़ा रखा था और पूरे हाथ में लिपट गया था, जिसके कारण बहुत अधिक मात्रा में जहर उस व्यक्ति के अंदर छोड़ दिया। फिर उसके बाद उस व्यक्ति ने जोर से हाथ को हिलाया तब जाकर छोड़ा। सर्प दंश का शिकार व्यक्ति ने अपने परिवार को तुरंत बताया कि मुझे जहरीले सांप ने काट लिया हैं, उस जगह कोई न जाए फिर बिना देरी किए करतला के प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र अपने परिवार के सदस्य के साथ उपचार के लिए निकाल गए। आज भी गावों में अंधविश्वास सांपो को कैद करने का प्रचलन सूरज का उपचार करतला के प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में 4 दिन तक चलता रहा और उनके घर वालो और गांव वालों ने उस सांप को 4 दिन तक कैद कर के रखा था। गांव वालों का सोचना था जब तक सांप ज़िंदा है सर्प दंश शिकार व्यक्ति ज़िन्दा हैं। सोमवार को स्नेक रेस्क्यू टीम के गांव पहुँच कर कैद किए सांप को रेस्क्यू किया। साथ ही लोगों को अंधविश्वास में न पड़ने की बात कही। स्नेक रेस्क्यू टीम के प्रमुख जितेंद्र सारथी को उसी गांव वालों रहने वाले व्यक्ति ने संपर्क किया कि सूरज को सांप ने काटा था वह घर पहुँच चुका है और लोग सांप को मारने की बात कह रहे, जिसमें जितेंद्र सारथी ने सूरज कुमार कुर्रे से संपर्क किया और उस सांप को न मारने की बात कही। फिर जितेंद्र सारथी अपने टीम के साथ गांव पहुंचे, जिस जगह सांप को कैद किया गया था उसको छुड़ाया और सुरक्षित रेस्क्यू किया। स्नेक रेस्क्यू टीम के प्रमुख जितेंद्र सारथी ने करतला के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के इंचार्ज डॉक्टर प्रमोद तिवारी से संपर्क किया जिस पर प्रमोद ने बताया कि सर्प दंश का शिकार व्यक्ति काफी सकारत्मक सोच का था जिसने बिना देरी किए स्वास्थ्य केन्द्र पहुँच गया, जिसके उपरांत बिना देरी किए उस व्यक्ति का उपचार चालू कर दिया गया। डॉक्टर प्रमोद ने बताया कि काफी मात्र में जहर छोड़ चुका था। उस व्यक्ति को 40 आंटी वेनम के आस पास लगने कि वजह से बचा पाने में सफल रहे। हिन्दुस्थान समाचार / हरीश तिवारी-hindusthansamachar.in